➤ नीदरलैंड दौरे पर पीएम मोदी ने दुनिया के हालात पर जताई चिंता
➤ कहा- कोरोना, युद्ध और ऊर्जा संकट से जूझ रही दुनिया
➤ भारत को दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बताया
प्रधानमंत्री Narendra Modi इन दिनों नीदरलैंड दौरे पर हैं। द हेग में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए उन्होंने दुनिया के मौजूदा हालात और भारत की तेजी से बढ़ती ताकत पर विस्तार से बात की। प्रधानमंत्री ने कहा कि आज पूरी दुनिया नई चुनौतियों से जूझ रही है और यह दशक आपदाओं का दशक बनता जा रहा है।

उन्होंने कहा कि दुनिया पहले कोरोना महामारी, फिर युद्ध और अब ऊर्जा संकट जैसी परिस्थितियों का सामना कर रही है। यदि हालात नहीं बदले तो पिछले कई दशकों की प्रगति प्रभावित हो सकती है और दुनिया की बड़ी आबादी फिर से गरीबी के दलदल में फंस सकती है।
Deeply touched by the immense enthusiasm and affection of the Indian community at the community programme in The Hague. Their energy and connection with India are deeply special. pic.twitter.com/qGyHuUDtSc
— Narendra Modi (@narendramodi) May 16, 2026
प्रधानमंत्री मोदी शुक्रवार देर रात नीदरलैंड पहुंचे, जहां उनका जोरदार स्वागत किया गया। एयरपोर्ट पर डच अधिकारियों ने उनका स्वागत किया, जबकि भारतीय समुदाय के लोगों और कलाकारों ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए उनका अभिनंदन किया। कार्यक्रम के दौरान डच कलाकारों ने भारतीय शास्त्रीय संगीत पर आधारित ‘राग दुर्गा’ की प्रस्तुति भी दी।

द हेग में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने भारत की आर्थिक और तकनीकी प्रगति का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि आज का भारत बड़े सपने देख रहा है और देश के युवा एआई, सेमीकंडक्टर, रक्षा और अंतरिक्ष जैसे क्षेत्रों में दुनिया में नई पहचान बनाना चाहते हैं।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत अब दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन चुका है। उन्होंने बताया कि एक समय देश में 500 से भी कम स्टार्टअप थे, जबकि अब उनकी संख्या 2 लाख से अधिक हो गई है। उन्होंने कहा कि भारत में स्टार्टअप संस्कृति युवाओं का नया मिजाज बन चुकी है।

उन्होंने डिजिटल इंडिया और यूपीआई की सफलता का भी उल्लेख किया। पीएम मोदी ने कहा कि भारत में एक साल में 20 बिलियन से ज्यादा यूपीआई ट्रांजेक्शन हुए हैं, जो दुनिया के कुल डिजिटल लेनदेन का बड़ा हिस्सा है। उन्होंने कहा कि भारत तेजी से तकनीक और डिजिटल नवाचार के क्षेत्र में वैश्विक नेतृत्व की ओर बढ़ रहा है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत अब सेमीकंडक्टर निर्माण में भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। देश में 12 सेमीकंडक्टर प्लांट पर काम चल रहा है और इनमें से दो में उत्पादन शुरू हो चुका है। उन्होंने कहा कि अब चिप भी “डिजाइन इन इंडिया” और “मेड इन इंडिया” होगी।
भारत और नीदरलैंड के रिश्तों पर बोलते हुए पीएम मोदी ने दोनों देशों की दोस्ती की तुलना कमल और ट्यूलिप फूल से की। उन्होंने कहा कि जैसे ट्यूलिप नीदरलैंड की पहचान है और कमल भारत की, वैसे ही दोनों देशों के संबंध भी मजबूत और गहरे हैं।
उन्होंने कहा कि नीदरलैंड यूरोप में भारतीय कारोबार के लिए एक प्राकृतिक गेटवे बन सकता है। इस साझेदारी में भारतीय प्रवासी समुदाय एक मजबूत पुल की भूमिका निभाएगा। पीएम मोदी ने नीदरलैंड में बसे भारतीय समुदाय की तारीफ करते हुए कहा कि वहां के नेतृत्व ने हमेशा भारतीयों के योगदान की सराहना की है।
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने हल्के-फुल्के अंदाज में भारतीय खानपान और संस्कृति का भी जिक्र किया। उन्होंने मजाकिया अंदाज में पूछा कि “क्या झालमुड़ी यहां भी पहुंच गई?” इस पर पूरा हॉल तालियों और हंसी से गूंज उठा।
प्रधानमंत्री ने लोकतंत्र की मजबूती पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत में लगातार मतदान प्रतिशत बढ़ रहा है और महिलाओं की भागीदारी भी रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच रही है। उन्होंने इसे भारतीय लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत बताया।



